
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में विशेष पिछड़ी जनजाति समाज को मिला विकास, सम्मान और भरोसे का साथ
सरकार का संकल्प, प्रशासन की प्रतिबद्धता, विशेष पिछड़ी जनजाति समाज का सशक्त भविष्य
रायगढ़, 11 जनवरी 2026/ प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महाअभियान(पीएम-जनमन) योजना के माध्यम से जिले के सुदूर और दुर्गम विशेष पिछड़ी जनजाति अंचलों में विकास की नई तस्वीर उभर रही है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के स्पष्ट संकल्प—अंतिम व्यक्ति तक मूलभूत सुविधाएं पहुँचाने—के अनुरूप रायगढ़ जिले में इस योजना का प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है। विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों (PVTGs) तक आवास, सड़क, पेयजल, स्वास्थ्य, बिजली और संचार जैसी बुनियादी सुविधाएं सुनिश्चित करने के उद्देश्य से किए जा रहे प्रयासों के सकारात्मक परिणाम अब ज़मीन पर स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगे हैं।
कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के मार्गदर्शन और सतत निगरानी में जिला प्रशासन योजनाओं को तेज़ी, पारदर्शिता और गुणवत्ता के साथ धरातल पर उतार रहा है। नियमित समीक्षा बैठकों, विभागीय समन्वय और निरीक्षण के माध्यम से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि योजना का लाभ वास्तविक जरूरतमंद विशेष पिछड़ी जनजाति परिवारों तक समय पर पहुँचे।
पक्के आवासों से मिला सुरक्षित जीवन, सम्मान और स्थायित्व
पीएम जनमन योजना के अंतर्गत जिले में 173 पक्के आवासों के लक्ष्य के विरुद्ध 161 आवासों का निर्माण कार्य पूर्ण कर लिया गया है। ये आवास विशेष पिछड़ी जनजाति परिवारों के लिए केवल रहने की जगह नहीं, बल्कि सुरक्षित भविष्य, सामाजिक सम्मान और आत्मविश्वास का आधार बन चुके हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की मंशा के अनुरूप इन घरों का निर्माण स्थानीय आवश्यकताओं और भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए किया जा रहा है
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पीएम जनमन योजना से सुदूर अंचलों में बदल रही तस्वीर
2026
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में विशेष पिछड़ी जनजाति समाज को मिला विकास, सम्मान और भरोसे का साथ
सरकार का संकल्प, प्रशासन की प्रतिबद्धता, विशेष पिछड़ी जनजाति समाज का सशक्त भविष्य
रायगढ़, 11 जनवरी 2026/ प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महाअभियान(पीएम-जनमन) योजना के माध्यम से जिले के सुदूर और दुर्गम विशेष पिछड़ी जनजाति अंचलों में विकास की नई तस्वीर उभर रही है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के स्पष्ट संकल्प—अंतिम व्यक्ति तक मूलभूत सुविधाएं पहुँचाने—के अनुरूप रायगढ़ जिले में इस योजना का प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है। विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों (PVTGs) तक आवास, सड़क, पेयजल, स्वास्थ्य, बिजली और संचार जैसी बुनियादी सुविधाएं सुनिश्चित करने के उद्देश्य से किए जा रहे प्रयासों के सकारात्मक परिणाम अब ज़मीन पर स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगे हैं।
कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के मार्गदर्शन और सतत निगरानी में जिला प्रशासन योजनाओं को तेज़ी, पारदर्शिता और गुणवत्ता के साथ धरातल पर उतार रहा है। नियमित समीक्षा बैठकों, विभागीय समन्वय और निरीक्षण के माध्यम से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि योजना का लाभ वास्तविक जरूरतमंद विशेष पिछड़ी जनजाति परिवारों तक समय पर पहुँचे।
पक्के आवासों से मिला सुरक्षित जीवन, सम्मान और स्थायित्व
पीएम जनमन योजना के अंतर्गत जिले में 173 पक्के आवासों के लक्ष्य के विरुद्ध 161 आवासों का निर्माण कार्य पूर्ण कर लिया गया है। ये आवास विशेष पिछड़ी जनजाति परिवारों के लिए केवल रहने की जगह नहीं, बल्कि सुरक्षित भविष्य, सामाजिक सम्मान और आत्मविश्वास का आधार बन चुके हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की मंशा के अनुरूप इन घरों का निर्माण स्थानीय आवश्यकताओं और भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए किया जा रहा है।
लैलूंगा विकासखंड के सुदूर ग्राम कुर्रा निवासी श्री सहदेव बिरहोर बताते हैं कि पीएम जनमन योजना के अंतर्गत निर्मित यह घर केवल छत नहीं, बल्कि उनके परिवार के लिए सम्मान, सुरक्षा और स्थायित्व का प्रतीक है। श्री रतिराम बिरहोर बताते हैं कि जब उन्होंने नए आवास में प्रवेश किया, तो वह क्षण उनके लिए अविस्मरणीय बन गया। ग्राम कोराबाहर की निवासी श्रीमती गणेशी पैकरा भावुक होकर बताती हैं कि अब उन्हें चैन की नींद आती है। उनका यह पक्का आशियाना सिर्फ एक घर नहीं, बल्कि सम्मान, आत्मनिर्भरता और बेहतर भविष्य की मजबूत नींव है।
संपर्क सड़कों से गांव जुड़े, विकास की राह हुई आसान, घर-घर पहुंचा स्वच्छ पेयजल
दुर्गम बसाहटों को मुख्य मार्गों से जोड़ने के लिए 13 संपर्क सड़कों का लक्ष्य तय किया गया था, जिनमें से अब तक 5 सड़कों का निर्माण कार्य पूर्ण किया जा चुका है। इन सड़कों के निर्माण से विशेष पिछड़ी जनजाति गांवों में आवागमन सुगम हुआ है तथा शिक्षा, स्वास्थ्य और आजीविका से जुड़े अवसर गांवों तक पहुँचने लगे हैं। इसी क्रम में योजना के तहत 327 घरों में पाइपलाइन एवं सामुदायिक जलापूर्ति की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। इससे विशेष पिछड़ी जनजाति महिलाओं और बच्चों को पानी के लिए लंबी दूरी तय करने की मजबूरी से राहत मिली है तथा स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं में भी कमी आई है।
हाट-बाजार क्लिनिक से गांव के पास इलाज, बिजली और नेटवर्क से जुड़ रहा विशेष पिछड़ी जनजाति अंचल
मुख्यमंत्री हाट-बाजार क्लिनिक योजना के अंतर्गत 2 मोबाइल मेडिकल यूनिट (एमएमयू) वाहनों के माध्यम से जिले की 5 सुदूर विशेष पिछड़ी जनजाति बसाहटों में नियमित स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जा रही हैं। इससे ग्रामीणों को समय पर जांच और उपचार की सुविधा उनके नजदीक ही मिल रही है। विद्युत सुविधा विस्तार के अंतर्गत 28 घरों में ग्रिड के माध्यम से तथा 27 घरों में सोलर ऊर्जा के माध्यम से बिजली पहुंचाई जा रही है। वहीं, संचार सुविधा को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से 2 मोबाइल टावर स्थापित किए गए हैं, जिससे सुदूर विशेष पिछड़ी जनजाति गांव भी डिजिटल सेवाओं और आपातकालीन संपर्क से जुड़ रहे हैं।
सरकार का संकल्प, प्रशासन की प्रतिबद्धता, विशेष पिछड़ी जनजाति समाज का सशक्त भविष्य
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व और कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के कुशल प्रशासनिक मार्गदर्शन में रायगढ़ जिले में पीएम-जनमन योजना विशेष पिछड़ी जनजाति समाज के लिए विकास, न्याय और आत्मसम्मान का मजबूत आधार बन रही है। यह योजना इस बात का प्रमाण है कि जब सरकार की मंशा स्पष्ट हो और प्रशासन की प्रतिबद्धता मजबूत हो, तो सुदूर अंचलों की तस्वीर और तकदीर दोनों बदली जा सकती हैं।
घनश्याम साहू की खबर सारंगढ़ से
- माधोपाली पुल हादसा: 60 घंटे बाद कार सहित दंपति के शव बरामद, रेस्क्यू ऑपरेशन सफल - July 29, 2026
- घनश्याम साहू खबर 247 एक्सप्रेस सारंगढ़26 जुलाई 2026 - July 26, 2026
- कोशिर छोटे में धूमधाम से रथ यात्रा मनाई गई — 👇
— घनश्याम साहू khabr 24X7 express
*कोशिर छोटे में धूमधाम से मनाई गई रथ यात्रा, जयकारों से गूंजा पूरा क्षेत्र*
*Kosir,chhote Chhattisgarh*
कोशिर में बुधवार को भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा बड़े ही हर्ष और उल्लास के साथ मनाई गई। सुबह से ही मंदिर परिसर भक्तों की भीड़ से भर गया था।
पारंपरिक वाद्य यंत्रों, ढोल-नगाड़ों और भजन कीर्तन के साथ भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा जी की मूर्तियों को रथ में विराजमान कर नगर भ्रमण कराया गया। रास्ते भर भक्तों ने “जय जगन्नाथ” के जयकारे लगाए और फूल बरसाए।
यात्रा में महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग सभी शामिल हुए। जगह-जगह प्रसाद वितरण और ठंडे पानी की व्यवस्था की गई थी। प्रशासन की तरफ से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे ताकि यात्रा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।
मंदिर समिति के सदस्यों ने बताया कि हर साल की तरह इस बार भी रथ यात्रा में भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। पूरे दिन माहौल भक्तिमय बना रहा।
— - July 16, 2026
