
रियल एस्टेट (विनियमन एवं विकास) अधिनियम, 2016 के उल्लंघन पर कठोर कदम उठाते हुए प्राधिकरण ने चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि बिना पंजीकरण किसी भी प्रकार की प्लॉटिंग, विज्ञापन या विक्रय को गंभीर कानूनी अपराध माना जाएगा। साथ ही, भविष्य में ऐसे मामलों पर और अधिक कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। मामले की जांच, दस्तावेजों की पड़ताल एवं सुनवाई के बाद प्राधिकरण ने निष्कर्ष निकाला कि संबंधित व्यक्तियों द्वारा कानून का उल्लंघन किया गया है। परिणामस्वरूप CGRERA ने दोनों भूमि स्वामियों पर कुल 5 लाख रुपये का अर्थदंड लगाया है।
घनश्याम साहू कि खबर 24×7 एक्सप्रेस सारंगढ़ से
